प्रबुद्ध नारीयाँ आगे आएँ

Author: Vicharkranti Abhiyan

Web ID: 905

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Availability: In stock

Condition: New

Brand: AWGP Store

Preface

युग ऋषि परम पूज्य पं० श्रीराम शर्मा आचार्यजी ने इक्कीसवीं सदी को नारी सदी कहकर जाग्रत नारियों को अपने वर्ग के साथ- साथ समाज के पुनरुत्थान में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाने का आह्वान किया है ।। यह नारी- जागरण की वेला है ।। इस समय इक्कीसवीं सदी का ब्रह्ममुहूर्त है ।। ऋषिसत्ता ने हमें पुकारा है, युग देवता की पुकार को सुनकर तदनुसार कार्य कर, श्रेय- सम्मान पाने का सुअवसर प्राप्त करें ।। जातीय सम्मान की रक्षा एवं उत्थान के लिए ईश्वरप्रदत्त विभूतियों को नियोजित करके राष्ट्र- देवता के चरण में श्रद्धा- सुमन समर्पित करने चाहिए ।।

प्रस्तुत पुस्तक युगऋषि के विचारों के द्वारा प्रसुप्त लेकिन प्राणवान एवं श्रद्धावान बहनों के अंदर प्रबल प्राणतत्व का संचार करेगी, उनके प्रमाद, तंद्रा एवं निंद्रा को दूर कर युग की पुकार सुनने को बाध्य करेगी ।। संपन्न दानवीरा बहनों को यह पुस्तक अधिक- से संख्या में मँगाकर अपने परिकर की समर्थ, योग्य एवं भावनाशील बहनों को देनी एवं पढानी चाहिए ।। महिला गोष्ठियों एवं सम्मेलनों में यह पुस्तक सबको वितरित करनी चाहिए ।। यह पुस्तक हर जाग्रत नारी के हाथ में दिखाई दे ऐसा प्रयास होना चाहिए ।। महिला- जागरण का उद्घोष किया जा रहा है ।। यह आदोलन पश्चिम के "वीमेन लिब" से सर्वथा भिन्न है ।। बहनों को संगठन बनाकर यह आदोलन पूरी शक्ति के साथ चलाना चाहिए ताकि महिला उत्थान की आँधी का आभास सभी को हो सके ।। पुस्तक के अंत में संलग्न संकल्प- पत्र भरकर सभी बहनों को यहाँ भेजना चाहिए ताकि समय- समय पर प्रेरणा, प्रोत्साहन एवं मार्गदर्शन प्राप्त होता रहे ।। युग निर्माण योजना मासिक पत्रिका सभी बहनों को अवश्य पढ़नी चाहिए ताकि दिशाधारा से अवगत होती रहें ।।

Table of content

1. नारी जागरण की आवश्यकता
2. नारी उत्थान कैसे हो
A. परिवार में आस्तिकता का वातावरण
B. संस्कार परम्परा का पुनर्जागरण
C. सामूहिक पर्व-त्योहार
D. पारिवारिक गोष्ठी
E. तुलसी रोपण
F. शिशु पालन का प्रशिक्षण
G. लड़का-लड़की एक समान
H. शिक्षा, स्वास्थ्य एवं स्वावलंबन
I. परदा प्रथा-एक कुप्रथा
J. जेवर घाटे का सौदा
K. भौंडे फैशन से बचें
L. अनीति एवं कुरीति उन्मूलन

Author Vicharkranti Abhiyan
Edition 2015
Publication Yug Nirman Yojna Trust, Mathura
Publisher Yug Nirman Yojna Trust
Page Length 48
Dimensions 12 X 18 cm
  • 10:50:AM
  • 30 Sep 2020




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